Monday, 13 August 2018

अब इतिहास बनाना है

अब इतिहास बनाना है.........

बीती रीती बातों को, कटती चुभती बातों को
बिसराकर आगे बढ़ जाना है;
इस नये जन्म दिवस पर हमको, शालीन संदेश जगाना है
इक नये मुक़ाम को पाने को, अब इतिहास बनाना है।


उत्साह न अब बिखरने पाये, राहें भी अब न भटकने पायें
छेड़े वो संगीत नया, यूँ मिलकर हम गुनगुनायेंगे
रुकना नहीं है अब हमको, वो लक्ष्य ही हमको पाना है
इक नये मुक़ाम को पाने को, अब इतिहास बनाना है।


जो समझें हमको खोटे सिक्के, जो समझें हमको रीते बीते
जब चमकेंगे हम हीरों के मानिंद, वो भी अचरज कर जायेंगे
करके पूरी मेहनत हमको, बस ऐसा नाम कमाना है
इक नये मुक़ाम को पाने को, अब इतिहास बनाना है।


मेहनतकश का वो स्पंदन, आज अभी भी बाकी है
कण कण फिर से जुड़ने को, हर साज अभी भी बाकी है
छेड़ें फिर संगीत नया, हम बस गाते जायेंगे
इस नये जन्म दिवस पर हमको, शालीन संदेश जगाना है
इक नये मुक़ाम को पाने को, अब इतिहास बनाना है।

Sunday, 12 August 2018

ज़िंदगी की रफ़्तार पर कुछ पंक्तियाँ

आहिस्ता चल अब ऐ ज़िंदगी,
जीवन की इबारत अभी बाक़ी है,
कुछ दर्द मिटाना बाक़ी है,
कुछ फ़र्ज़ निभाना बाक़ी है;

रफ़्तार में तेरे चलने से,
कुछ रूठ गए, कुछ छुट गए,
रूठों को मनाना बाक़ी है,
छुटो को मिलाना बाक़ी है;

कुछ रिश्ते बनकर जुड़ते गए,
कुछ जुड़े हुए थे, छुट गए,
उन सब मीठे मीठे रिश्तों के,
जोड़ों को जमाना बाकी है;

जीवन की सहज पहेली को,
अब क्या सुलझाना बाक़ी है?
आहिस्ता चल ऐ मेरी ज़िंदगी,
जीवन का गीत अभी बा
क़ी  है.

WILL NEP 2020 BRING ANY CHANGE?

Why NEP was introduced at all? National Education Policy 2020 is brought with a difference to create visible shift in learning outcome. But...